मध्य प्रदेशराज्य

भारत रक्षा पर्व 2026- रक्षा सूत्र में बंधा जवानों और समाज का अटूट रिश्ता

भोपाल

 रक्षाबंधन के पावन अवसर पर शौर्य फाउंडेशन एवं भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) के संयुक्त तत्वावधान में “भारत रक्षा पर्व 2026” का आयोजन 27 अगस्त को आईटीबीपी सेंटर, कोकता बायपास, भोपाल में किया गया। 
कार्यक्रम में भोपाल की अनेकों माताओं, बहनों एवं छात्राओं ने आईटीबीपी के वीर जवानों की कलाई पर रक्षा सूत्र बांधकर उनके साहस, त्याग और राष्ट्रसेवा के प्रति सम्मान एवं कृतज्ञता व्यक्त की।

राष्ट्रगान से हुआ शुभारंभ, देशभक्ति प्रस्तुतियों ने बांधा समां
कार्यक्रम का शुभारंभ राष्ट्रगान से हुआ। इसके बाद देशभक्ति नृत्य, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और राखी गीतों ने वातावरण को राष्ट्रप्रेम से भर दिया। अतिथियों के संबोधन में देश की सीमाओं की सुरक्षा में आईटीबीपी जवानों की भूमिका, उनके साहस और कठिन परिस्थितियों में राष्ट्रसेवा को नमन किया गया।

कार्यक्रम में आईटीबीपी के महानिरीक्षक श्री अजयपाल सिंह, उप महानिरीक्षक श्री अमित कटियार, लायंस ऑफ भोपाल के श्री हरिओम जटिया, लायंस क्लब के जिला गवर्नर एमजेएफ एलएन. महेश मालवीय, दीप्ति परमेश्वरी जी (जीजी मां), समाजसेवी श्री कमलेश सेन, शौर्य फाउंडेशन के अध्यक्ष श्री अंशुमान खरे एवं सचिव श्री अभिषेक खरे  सहित अनेक गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे।

रक्षा सूत्र बना भावनाओं का सेतु
कार्यक्रम का सबसे भावुक क्षण रक्षा सूत्र बंधन रहा। माताओं, बहनों और छात्राओं ने जवानों को राखी बांधकर उन्हें अपना भाई माना। कई अवसरों पर जवानों और बहनों के बीच स्नेह एवं भावनाओं के ऐसे पल देखने को मिले, जिन्होंने उपस्थित सभी लोगों को भावुक कर दिया।

इस अवसर पर यह संदेश दिया गया कि रक्षा सूत्र केवल राखी नहीं, बल्कि देश की सीमाओं पर तैनात जवानों और देशवासियों के बीच विश्वास, सम्मान, स्नेह और राष्ट्रप्रेम का अटूट बंधन है।

शस्त्र एवं ड्रोन प्रदर्शनी बनी आकर्षण का केंद्र
आईटीबीपी की ओर से आयोजित शस्त्र एवं ड्रोन प्रदर्शनी भी कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण रही। विद्यार्थियों और नागरिकों को आधुनिक सुरक्षा उपकरणों एवं तकनीक को करीब से देखने तथा जवानों की कार्यप्रणाली को समझने का अवसर मिला।

सीमा पर जवान अकेले नहीं, पूरा देश उनके साथ
शौर्य फाउंडेशन के अध्यक्ष श्री अंशुमान खरे ने कहा कि भारत रक्षा पर्व का उद्देश्य रक्षाबंधन को देश की सुरक्षा में समर्पित वीर जवानों के सम्मान से जोड़ना है। 
उन्होंने कहा कि जवानों के प्रति सम्मान और राष्ट्रसेवा की भावना समाज में निरंतर मजबूत होनी चाहिए।

शौर्य फाउंडेशन के सचिव श्री अभिषेक खरे ने कहा कि भारत रक्षा पर्व का संदेश स्पष्ट है
सीमा पर तैनात जवान कभी अकेले नहीं हैं, पूरा देश उनके साथ खड़ा है। बहनों द्वारा बांधा गया रक्षा सूत्र इसी विश्वास और आत्मीयता का प्रतीक है।

राष्ट्रप्रेम का दिया सशक्त संदेश
राष्ट्रगान, देशभक्ति गीतों, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों, अतिथियों के उद्बोधन और रक्षा सूत्र बंधन के भावुक पलों के साथ भारत रक्षा पर्व 2026 ने रक्षाबंधन को राष्ट्रप्रेम और जवानों के सम्मान से जोड़ते हुए समाज को एक सशक्त संदेश दिया
“रक्षा सूत्र कलाई पर नहीं, दिलों में बंधा वह रिश्ता है, जो वीर जवानों और पूरे राष्ट्र को एक सूत्र में जोड़ता है।”

आईटीबीपी की बैगपाइपर टीम ने भी देशभक्ति, फिल्मी और राखी के गीत सुना कर माहौल खुशनुमा कर दिया

इसके अलावा निनाद संगीत विद्यालय के छात्रों ने भी विभिन्न फिल्मी गीत, राखी के गीत और 
देशभक्ति के गीत सुनाएं

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button