बिहार में गंगा उफान पर, कई नदियां खतरे के निशान से ऊपर

पटना
बिहार में गंगा नदी उफान पर है। बक्सर से पटना होते हुए भागलपुर तक गंगा के जलस्तर में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार बक्सर में गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से 104 सेंटीमीटर नीचे था। लेकिन, इसके जलस्तर में रविवार तक 32 सेंटीमीटर बढ़ने के आसार हैं। पटना के गांधी घाट में गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से 75 सेंटीमीटर ऊपर रहा। इसके जलस्तर में रविवार को भी 13 सेंटीमीटर बढ़ने की आशंका है। दीघा घाट में खतरे के निशान से आठ सेंटीमीटर गंगा का पानी रहा। इसमें 13 सेंटीमीटर और वृद्धि हो सकती है। हाथीदह में गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से 46 सेंटीमीटर ऊपर आ चुका है। रविवार को इसमें 20 सेमी और बढ़ोतरी हो सकती है।
भागलपुर के कहलगांव में खतरे के निशान से दो सेंटीमीटर नीचे पानी रहा, लेकिन इसमें एक दिन में ही 41 सेंटीमीटर बढ़ोतरी के आसार हैं। वहीं भागलपुर में गंगा नदी का जलस्तर अभी खतरे के निशान से नीचे है, लेकिन एक दिन में ही यहां भी 37 सेंटीमीटर बढ़ने की आशंका है। इसी तरह मुंगेर में भी खतरे के निशान से नीचे रहने वाली गंगा के जलस्तर में एक दिन में 50 सेंटीमीटर वृद्धि होने के आसार हैं।
सोन नदी खतरे के निशान से ऊपर
पटना के मनेर में सोन नदी के जलस्तर में वृद्धि हो गई है। शनिवार को सोन नदी का जलस्तर एक सेंटीमीटर खतरे के निशान से ऊपर रहा। रविवार को इसमें 17 सेंटीमीटर बढ़ोतरी होने की आशंका है। खगड़िया जिले के बलतारा में कोसी नदी का जलस्तर खतरे के निशान से 54 सेंटीमीटर ऊपर आ गया है।
गंडक और घाघरा का हाल
गंडक नदी की बात करें तो गोपालगंज के डुमरियाघाट में यह खतरे के निशान से 56 सेंटीमीटर ऊपर चल रही है। सीवान के दरौली में घाघरा नदी का जलस्तर खतरे के निशान से 38 सेंटीमीटर ऊपर आ गया है।



